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Taste of Karnataka: देसी ज़ायके का मिलन, कर्नाटक की परंपरा के पांच बेजोड़ स्वाद!

Taste of Karnataka: बिसी बेले भात

बिसी बेले भात

रागी मुड्डे

कर्नाटक का असली देसी स्वाद अगर किसी में छुपा है, तो वह है रागी मुड्डे जो फिंगर मिलेट के आटे से बनाया जाता है। इसे पकाकर गोल, मुलायम लेकिन सॉलिड बॉल की तरह बनाया जाता है और खाने में इसे काटा नहीं जाता, बल्कि उंगलियों से तोड़कर सीधे सूप, सांभर या मटन खलसा में डुबोकर खाया जाता है। यह खाना जितना सिंपल दिखता है, उतना ही पौष्टिक होता है। रागी को Superfood of India और High Fiber Diet जैसे गुणों की वजह से दुनिया भर में पहचान मिली है। ग्रामीण कर्नाटक की लाइफ स्टाइल में रागी मुड्डे की अहमियत उतनी ही है जितनी उत्तर भारत में रोटी की।(बेंगलुरु की सड़कों से लेकर मैसूर के फूड कोर्ट तक, बिसी बेले बाथ आज भी सबसे ज़्यादा बिकने वाला Local Favourite है।)

रागी मुड्डे

वैसे माना जाता है कि रागी ताकत देती है और दिनभर खेत में जोश बनाए रखती है। इसमें में कैल्शियम, आयरन और मिनरल्स इतने भरपूर होते हैं कि यह बच्चों से लेकर बुज़ुर्गों तक के लिए परफेक्ट खाना माना जाता है। सरकारी डाइट प्रोग्राम्स में भी इसे शामिल किया जाता है। आज बेंगलुरु और मैसूर के कई मॉडर्न रेस्टोरेंट भी अपने मेन्यू में Ragi Mudde Thali शामिल कर रहे हैं, क्योंकि यह अब Healthy Diet Trend, Vegan Food Choice, और Gluten-Free Meal की वजह से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी लोकप्रिय हो रहा है। सच में बात यही है की यदि आपने इसका स्वाद नहीं लिया तो फिर क्या ही खाया!

रागी मुड्डे

मैसूर मसाला डोसा

अगर कर्नाटक की किसी डिश ने दुनिया भर में अपनी छाप छोड़ी है, तो वह है मैसूर मसाला डोसा। बाहर से कुरकुरा, अंदर से सॉफ्ट, ऊपर से लगा स्पेशल लाल चटनी पेस्ट और साथ में मसालेदार आलू ये डोसा किसी व्यक्ति की ड्रीम डिश से कम नहीं है। मैसूर शहर की पहचान समझे जाने वाले इस डोसे का मज़ा तब दोगुना हो जाता है जब इसे नारियल चटनी और हल्के मीठे उडुपी सांभर के साथ परोसा जाता है। इस डोसे का खास लाल चटनी पेस्ट सुखी लाल मिर्च, लहसुन, प्याज़ और थोड़ा गुड़ मिलाकर बनाया जाता है जो इसे दूसरे डोसों से बिल्कुल अलग बनाता है। यही खासियत है की इसे खाने वाले खूब पसंद करते हैं।  

मैसूर मसाला डोसा

मैंगलोर बन्स

मैंगलोर और उडुपी क्षेत्र से आने वाला मैंगलोर बन्स अपने नाम जितना प्यारा, स्वाद में उससे भी ज़्यादा कमाल का होता है। यह साधारण पूरी जैसा दिखता है, लेकिन असल में यह पका हुआ केला, दही, चीनी और मैदा मिलाकर बनाया गया मीठा, मुलायम और स्पंजी ब्रेड-स्टाइल बन होता है। इसे आमतौर पर गरम गरम परोसा जाता है, और साथ में नारियल चटनी इसकी जोड़ी को Perfect बनाती है। आज बेंगलुरु के मॉडर्न कैफ़े भी इसे Coffee के साथ इसे सर्व करते हैं। इसकी सबसे मजेदार बात यह है कि यह कम सामग्री में, जल्दी बनने वाला और बहुत लंबे समय तक Soft रहने वाला स्नैक है। इसलिए इसे घरों में भी खूब बनाया जाता है। बाहर से हल्का कुरकुरा, अंदर से रुई जैसा मुलायम मैंगलोर बन्स खाने के बाद कोई भी इसे सिर्फ़ एक बार नहीं खा पाता।

मैंगलोर बन्स

उडुपी सांभर और चटनी

उडुपी की रसोई का नाम लेते ही सबसे पहले जिस स्वाद की याद आती है, वह है इसका मशहूर उडुपी सांभर और चटनी। यह सिर्फ एक साइड डिश नहीं, बल्कि कर्नाटक की परंपरा, श्रद्धा और देसी स्वाद का ऐसा संगम है, जो हर खाने वाले के दिल में बस जाता है। उडुपी सांभर की खासियत है इसके मसालों का बैलेंस न ज़्यादा तीखा, न ज़्यादा मीठा, बस एकदम नफ़ीस और हल्का-सा कोकोनट फ्लेवर वाला स्वाद। इसमें इस्तेमाल होने वाले ताज़े मसाले, इमली की खटास और सब्ज़ियों की खुशबू इसे रोज़मर्रा के खाने का सितारा बना देती है। उडुपी की चटनी भी उतनी ही खास है। नारियल, हरी मिर्च, भुनी दाल, करी पत्ता और हल्की-सी हिरवाई इसकी पहचान है। इसे खाते ही एक ताज़गी और मिट्टी की खुशबू का एहसास होता है, जो उडुपी की पहचान बन चुका है।

उडुपी सांभर और चटनी

चाहे डोसा हो, इडली हो या वड़ा उडुपी की ये चटनी हर डिश का स्वाद दुगुना कर देती है। जो लोग सादगी में स्वाद तलाशते हैं, उनके लिए उडुपी सांभर और चटनी एक परफेक्ट कॉम्बिनेशन है।

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